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13 November, 2018

Computer architecture in hindi - (कंप्यूटर की संरचना)

नमस्कार दोस्तों आप सभी का फिर से hurtedtechnology ब्लॉग पर बहुत बहुत सवागत है, आज का हमारा topic है Computer architecture in hindi - (कंप्यूटर की संरचना)Computer architecture in hindi पर और आज हम इसके ही बारे में जानने वाले है जिसके बारे में हम जानकर computer architecure के बारे में अछे से knowledge प्राप्त करेंगे, वैसे मैंने पिछले post में कंप्यूटर के प्रकार से सम्बंधित जानकारी दी थी तो अब सुरु करते है की Computer architecture kya hota haiComputer architecture in hindi mein.

Computer architecture in hindi.

Computer architecture in hindi - (कंप्यूटर की संरचना) कंप्यूटर के विभन्न Device एवं उनके मध्य सम्बन्ध को कंप्यूटर की संरचना कहते है और लगभग सभी कंप्यूटर की संरचना एक ही प्रकार का होता है, computer architecture in hindi.


Computer architecture in hindi - (कंप्यूटर की संरचना)
Computer architecture in hindi - (कंप्यूटर की संरचना)


Computer के प्रमुख तीन भाग होते है!

1. Input/output devise
2. Processing devise
3. Memory unit

1. Input devise:-

यह computer का वह भाग है होता है जिनके द्वारा किसी data निर्देश एवं आदर्शो को डाला जाता है!
Input devise निम्न प्रकार के होते है!


(i) Keyboard:- Keyboard एक input devise है जिनकी सहायता से किसी data या information को लिखा जाता है! एक keyboard में तिन (connecter) के साथ अत है! Computer architecture in hindi.
  • PS/2
  • USB
  • BLUETOOTH
दोस्तों कंप्यूटर के keyboard के buttons के आठ भागो में बाटा गया है!


ESC:-

यह computer का सबसे पहला बटन होता है ये ज्यादा टार प्रोग्रामो को समाप्त करने के लिए किया जाता है! Computer architecture in hindi.

Function key:-

यह computer के keyboard के पक्ति में स्थित होता है F1 से लेकर F12 तक के बटन को function button कहते है!

Numerical key:-

यह computer के keyboard में दुसरे पक्ति में स्थित होता है 0-9 तक बनी संख्या को numerical key कहते है और इसमें दो - दो position value होती है इस key के साथ साथ कुछ अन्य प्रतिक भी दिखाई देते है उस शब्द को लिखने के लिए shift को दबाकर और उस key को दबाते है तो वह प्रतिक दिखाई देता है!

Alphabetical key:-

इस key में A-Z लेकर बनी अक्षर को alphabetical key कहते है यह कुल 26 अक्षर होते है!

Special key:-

special key इसको निम्न भागो में बाटा गया है! computer architecture in hindi.

Tab key:-

इसका प्रयोग अलग - अलग प्रोग्रामो में अलग - अलग करने के लिए किया जाता है तथा paragraph indent करने के लिए किया जाता है (एक स्थान से दुसरे स्थान तक पहुचने के लिए)!

Caps lock:-

इस बटन की सहायता से अक्षरों को छोटा या बड़ा करने के लिए किया जाता है इस बटन में दो position value होते है on और off, जब हमारी keyboard का caps lock बटन on position में होता है तो keyboard की बत्ती जल जाती है और हमारी लिखावट capital latter में होता है और off position में होता है तो keyboard की बत्ती जल जाती है और हमारी लिखावट small latter में हो जाती है!


Shift key:-


इस key का प्रयोग अक्षरों को छोटा या बड़ा करने के लिए किया जाता है!


Enter key:-

यह सामानतः OK बटन कहलाता है इस key की सहायता से paragraph को change करने के लिए किया जाता है!


Backspace:-


इस button की सहायता से ज्यादा प्रोग्रामो में एक - एक कर अक्षरों को दायी तरफ को मिटाता है!


Delete key:-


इस बटन की सहायता से select की गयी भाग को मिटाने के लिए किया जाता है तथा ज्यादा तर प्रोग्रामो में अक्षर एक - एक कर बायीं ओर मिटाता है!


Navigation key:-


इस बटन की सहायता से page को up/down और right /left के लिए किया जाता है!
Navigation key में चार button होते हैComputer architecture in hindi.



Logical key:-

इस बटन में कुल 0-9 तक की संख्या होती है इसकी position value सिंगल होती है यह keyboard के last step में होता है!


Home key:-


ज्यादा तर प्रोग्रामो में home key का प्रयोग page को प्रारंभिक स्थान पर ले जाता है!


End key:-


इस key की सहायता से प्रोग्रामो के विषय के सबसे अंतिम line में ले जाता है!
दोस्तों ये थे कुछ input devise अभी और भी input devise है जिसके बारे में line by line बताता हूँ Computer architecture in hindi - (कंप्यूटर की संरचना)


Mouse :-


mouse एक input devise है जिनकी सहायता से किसी भी प्रोग्रामो में data फोल्डर and file को संचालित करने के लिए किया जाता है!

1. Right clicking
2. Left clicking 
3. Scroll


1. Left clicking:-

यह बटन option button कहलाता है!


2. Right clicking:-



Right बटन सामान्यतःok बटन कहलाता है!

3. Scroll button:-


इस button की सहायता से page को खिसकाने के लिए किया जाता है!

दोस्तों मै अब आपको बताने वाला हूँ की mouse kitane प्रकार के होते है? computer architecture in hindi 

दोस्तों mouse दो प्रकार के होते है Optical mouse और machenical mouse.

1. Optical mouse:-

Optical mouse वे mouse कहलाते है जो लेंस की सहायता से increase किया जाता है या mouse के pointer को चलाया जाता है!


2. Machenical mouse:-


machenical mouse वे mouse कहलाते है जिनके निचे गेंद लगे होते है और गेंद की सहायता से mouse की pointer increase किये जाते है!

mouse के चार प्रकार के connecter होते है!
ps/2 connecter, USB/serial, Bluetooth 

दोस्तों अब मै बताने वाला हूँ की mouse के option के बारे में तो पढ़ते रहिये computer architecture in hindi

Right:- single click for select और dual click for open व triple click for rename.

दोस्तों अब मै बताने वाला हूँ की processing devise kya होता है और ये कैसे होते है तो चलिए सुरु करते है! computer architecture in hindi

दोस्तों processing devise हम उसे कहते है जो input और output दोनों करता है मतलब की data input करना और data output करना दोनों इसका काम होता है हम कुछ उदहारण देकर समझाते है! 


  • Mother board
  • Graphic processing unit
  • ATM machine
  • CPU (Central processsing unit)
  • Memory card

दोस्तों और भी processing devise के उदहारण है आप चाहे तो तो इन्टरनेट पर से अच्छी से जानकारी ले सकते है क्योकि internet ही एक ऐसा जरिया है जहाँ से आप भारी मात्रा में knowledge प्राप्त कर सकते है! तो दोस्तों उम्मीद करता हूँ आपको computer architecture-कंप्यूटर की संरचना  के बारे में अच्छे से समझ आ रहा होगा तो आगे बढ़ते है अपने अंतिम topic की तरफ  बाद अपना computer architecure का topic समाप्त होगा!

Memory unit:-

दोस्तों memory unit के बारे में तो सुना ही होगा जैसे की आपकी memory का size कितना है लोग पूछते होंगे तो मै अभी इसके बारे में ही बताने वाला हूँ तो चलिए अब हम memory की unit के बारे में जानते है की इनकी क्षमता कितनी होती है वैसे दोस्तों जैसे हमारा mind unlimited होता है और इसमें जितना चाहे उतना knowledge ग्रहण कर सकते है ठीक वैसे ही memory होती है जो data input और output दोनों करती है पर ये लिमिट memory होती है पर memory भी कई प्रकार के होते है जैसे जो memory mobile के अन्दर होता है उसे हम primary memory कहते है और जो memory बाहर होता है उसे हम secondary memory कहते है!

mobile में ram और rom दो होते है!


ram में data कुछ क्षण के लिए होता है और कंप्यूटर या mobile बंद होते ही data delete हो जाता है और हमारा computer या mobile का speed RAM के उपर ही निर्भर करता है वैसे ram का पूरा नाम random access memory होता है!

Rom का full form Read only memory होता है और आपने देखा होगा की जब हम कोई mobile खरीदते है तो उसका internal memory 32GB होता है और जब हम उसे mobile में डालते है तो उसका size 26GB देखने को मिलता है ऐसा क्यों? तो जो बाकि का data storage rom के लिए होता है जो की हमारे ही काम आता है, जब हम कोई application paly store से install करते है तो वो application का सारा data rom में चला जाता है और ram में और rom में यही फर्क है लेकिन जब हम computer या mobile को बंद करते है तो ram का सारा data delete हो जाता है और rom का सारा data वैसे ही save रहता है और जब हम अपने computer या mobile को दोबारा से switch on करते है तो वही data collect करने में टाइम लगता है, तो दोस्तों आपने आज सिखा की computer architecture in hindi - (कंप्यूटर की संरचना) के बारे में तो आगे के बारे में अगले post में मिलेंगे!

तो दोस्तों बस आज के लिए बस इतना ही मिलते है अगले post में तब तक लिए लिए आप अपना ख्याल रखिये खुश रहिये मज़े करिए जैसा की आपने इस post में पढ़ा computer architecture in hindi , कंप्यूटर की संरचना, ठीक वैसे ही हम जल्दी ही मिलेंगे अगले post में एक नए article के साथ तो अपना कीमती समय देने के लिए बहूत बहूत धन्यवाद दोस्तों टाटा आपने सिखा कंप्यूटर की संरचना!

2 comments:

Aadarsh Singh said...

Best artical hai sir hamne apka artical dekha

Hurted Technology said...

Aadarsh ji Apna kimati samaye dene ke liye bahut bahut dhanyawad